J&K में सुरक्षित नहीं बीजेपी नेता, आतंकियों ने फिर 3 नेताओं को उतारा मौत के घाट

 

श्रीनगर: जम्मू कश्मीर के कुलगाम में भाजपा के युवा मोर्चा के महासचिव सहित 3 नेताओं की हत्या कर दी गई। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले 6 महीने में घाटी में आतंकियों ने 14 भाजपा नेताओं की हत्या की है, जिसमें दो आतंकी वारदातें ऐसी हैं, जब आतंकियों ने तीन-तीन नेताओं की जान ले ली।

गुरुवार की शाम 8 बजे के करीब तीनों नेताओं की हत्या की खबर सामने आई। मारे गए नेताओं में भाजपा युवा मोर्चा के महासचिव फिदा हुसैन, उमर रशीद बेग और अब्देर रशीद बेग थे। आतंकियों ने उनपर फायरिंग की।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस साल के अगस्त महीने में जम्मू-कश्मीर में भाजपा नेताओं की सबसे ज्यादा हत्या हुई। अगस्त में कश्मीर में पांच नेताओं की हत्या की गई, जिसमें एक सरपंच भी शामिल है।

गुरुवार को कुलगाम में तीन नेताओं की हत्या की जिम्मेदारी कश्मीर में सक्रिय नए आतंकी संगठन टीआरएफ ने ली है। हालांकि इस संगठन का कश्मीर में ज्यादा नाम नहीं है। फिर भी इतनी बड़ी आतंकी साजिश रचने में कामयाब हो गया।

6 महीने में जम्मू-कश्मीर में 14 भाजपा नेताओं की हत्याएं हुई हैं। 4 मई को अनंतनाम में अतल गुल मीर की हत्या की गई। 30 जून को शोपियां में गौहर बट की हत्या हुई। 5 जुलाई को पुलवामा में शब्बूर बट की हत्या हुई। इसके बाद 8 जुलाई को वसीम बारी के साथ उसके पिता और भाई की हत्या कर दी गई। वहीं अगस्त के पहले हफ्ते में कुलगाम के सरपंच आरिफ अहमद शाह की हत्या हुई। 7 अगस्त को काजीकुंड में सरपंच सज्जाद अहमद को मार दिया गया।

10 अगस्त को बडगाम में हमीद नजर की हत्या कर दी गई। 19 अगस्त को सरपंच का अपहरण करके हत्या कर दी गई। 28 अगस्त को शोपियां में शव बरामद हुआ। 7 अक्टूबर को गांदरबल में भाजपा नेता के घर पर आतंकी हमला किया गया, नेता तो बच गए लेकिन पीएसओ मारा गया। 29 अक्टूबर को कुलगाम में तीन भाजपा नेताओं की हत्या की गई।

From around the web