जहरीली हुई दिल्ली की हवा, AQI 450 पार, NCR की हालत और हुई खराब

 

रिपोर्ट- रितिका आर्या

दिल्ली एनसीआर में प्रदूषण का कहर लगातार बढता जा रहा है। हवा में बढ़ते प्रदूषण का कहर इस कदर बढ़ चुका है कि अब आसमान में सुरज तक को देखना मुश्किल होता जा रहा है। गुरुवार की सुबह भी राजधानी के लिए कम जहरीली नहीं रही। गुरुवार की सुबह दिल्ली में हवा की गुणवत्ता में 'बेहद खराब' से 'गंभीर' श्रेणी में पहुंच गई।  

बुधवार की सुबह आंशिक सुधार

आज गुरुवार के मुकाबले बुधवार को दिल्ली में हवा की गुणवत्ता में थोड़ा सुधार देखने को मिल था। इस सुधार के बाद वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) कुछ समय के लिए 300 से नीचे रहा लेकिन बुधवार की शाम हवा और खराब हो गई। हवा में प्रदूषण का स्तर बढ़ने के बाद विजिबिलिटी भी बहुत कम हो गई। यही सिलसिला गुरुवार की सुबह भी जारी रहा।

आपको बता दें, बुधवार को श्रीनिवासपुरी में प्रदूषण का स्तर सबसे ज्यादा रहा। यहां प्रदूषण का स्तर 878 दर्ज किया गया। पूर्वी दिल्ली के आनंद विहार में भी पॉल्यूशन लेवल 742 देखने को मिला। इसके अलावा ज्यादातर जगहों पर प्रदूषण का स्तर 450 से ज्यादा ही रहा।

गुरुवार को ये रहा आंकड़ा

गुरुवार की सुबह दिल्ली के आरके पुरम में एयर क्वालिटी इंडेक्स का लेवल 451 मापा गया। लोधी रोड पर ये 394 दर्ज हुआ, आईजीआई एयरपोर्ट पर 440 और द्वारका में हवा की गुणवत्ता स्तर 456 रिकोर्ड किया गया।

गुरुवार सुबह दिल्ली-NCR में AQI लेवल

आरके पुरम - 451

आईजीआई एयरपोर्ट - 440

द्वारका - 456

गुरुग्राम - 469

नोएडा सेक्टर 1 - 458

इंदिरापुरम - 469

गाजियाबाद - 421

बता दें कि 0 और 50 के बीच एक्यूआई को 'अच्छा', 51 और 100 के बीच 'संतोषजनक', 101 और 200 के बीच 'मध्यम', 201 और 300 के बीच 'खराब', 301 और 400 के बीच 'बेहद खराब' और 401 से 500 के बीच 'गंभीर' माना जाता है। दिल्ली में ठंड बढ़ने की वजह से धुल के कणों से मिलकर स्मॉग का निर्माण हो रहा है। मौसम वैज्ञानिकों और डॉक्टरों ने आगाह किया है कि आने वाले दिनों में प्रदूषण और बढ़ सकता है। हवाओं की मंद गति और कम तामपान की वजह से प्रदूषण फैलाने वाले तत्व सतह के करीब जमा हो जाते हैं लेकिन हवा की गति तेज होने से इनके बिखरने में मदद मिलती है।

From around the web