AMU छात्र नेता पर FIR, कही थी सिर कलम कर देने की बात

 

रिपोर्ट- रितिका आर्या

अपने बयान को लेकर अब Aligarh Muslim University के छात्र नेता फरहान जुबैरी की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही है। दरअसल, 29 अक्टूबर को एक विरोध प्रदर्शन के दौरान फरहान जुबैरी ने कहा था कि जो कोई भी इस्लाम को बदनाम करेगा, हम उसका सिर कलम कर देंगे। उनके इस बयान पर अब आईपीसी की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली गई है।

जुबैरी के वायरल हो रहे वीडियो में उन्हें ये साफ-साफ कहते हुए सुना जा सकता है। जुबैरी कह रहे हैं, “अगर कोई ईशनिंदा करेगा, तब हम उसका सिर कलम कर देंगे। चूंकि, हमारी संस्था और इस्लाम की खोज कलमा-ला-इलाहा, मोहम्मद-उन-रसूल अल्लाह (भगवान नहीं है, पर अल्लाह है और मोहम्मद उनके मैसेंजर हैं) पर है। अगर कोई हमारे विधाता के साथ गलत करेगा, तब हम उसे बर्दाश्त नहीं करेंगे।”

बकौल एएमयू छात्र नेता, “हम अपने प्रदर्शनों को और तेज करेंगे और सभी फ्रेंच उत्पादों का पूरी तरह से बहिष्कार करेंगे, क्योंकि परेशान करने वाले इस मुद्दे पर यही अपने गुस्से और नाराजगी को जाहिर करने का बड़ा और कड़ा तरीका है।”

वहीं, जुबैरी के बयान पर पूर्व मेजर गौरव आर्या ने कहा है कि एएमयू का छात्र ये कहता है कि अगर किसी के द्वारा पैगंबर मोहम्मद का अपमान किया जाता है तो वह उसका सिर कलम कर देंगे। भीड़ के द्वारा भी जुबैरी के बयान के इस बयान पर पुरजोर समर्थन किया जाता है। न कोई कोर्ट, न वकील, न जज और न कोई संविधान। ये तो हर किसी को ऐसे मार रहे हैं। फिर शिक्षा का मतलब क्या हुआ?

बता दें कि फ्रांस के पेरिस में टीचर की गला काटकर हत्या के बाद फ्रांस के नीस शहर में एक बार फिर इस्लामिक आतंकी हमला हुआ था। इसे लेकर वहां के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों ने कहा था, “हमारा देश इस्लामिक आतंक का शिकार हुआ है।” उनके इसी बयान के बाद इस्लामिक आतंकवाद का मुद्दा गर्मा गया और दुनिया के कई देश दो ध्रुवों में बंटते नजर आए।

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