त्यौहारी सीजन से पहले RBI ने फेरा उम्मीदों पर पानी, नहीं की कटौती

 

नई दिल्ली : त्यौहारी सीजन से पहले RBI ने उन तमाम लोगों के उम्मीदों पर पानी फेरा है, जिन्हें ये आशा थी कि इस सीजन से पहले RBI ने उन्हें बड़ी राहत दी। आपको बता दें कि RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने प्रेस कांफ्रेंस कर जानकारी देते हुए बताया कि रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है। जिससे Repo Rate चार फीसदी पर बरकरार है।

बता दें कि बीते अगस्‍त महीने में आरबीआई की मौद्रिक नीति समिति की बैठक में भी रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया था। हालांकि, केंद्रीय बैंक इससे पहले पिछली दो बैठकों में रेपो रेट में 1.15 प्रतिशत की कटौती कर चुका है। फिलहाल रेपो दर चार प्रतिशत, रिवर्स रेपो दर 3.35 प्रतिशत है।

RBI गवर्नर ने उम्मीद जताते हुए कहा कि, चालू वित्त वर्ष के आखिरी तिमाही में जीडीपी ग्रोथ पॉजिटिव में आ जाएगा। उन्होंने अनुमान जताते हुए अब जीडीपी ग्रोथ अनुमान निगेटिव में 9.5 फीसदी रखा है। वहीं, छोटे कर्जदारों के लिए 7.5 करोड़ रुपये के कर्ज को मंजूरी दे दी गई है। उन्होंने बताया कि सभी सेक्‍टर में ग्रोथ देखने को मिल रही है।

आपको बता दें कि नए हाउसिंग लोन पर रिस्‍क वेटेज को कम कर दिया गया है। वहीं, डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा के लिए आरटीजीएस को 24 घंटे लागू करने का प्रस्‍ताव है।

RBI गवर्नर ने कहा कि हमारा फाइनेंस को आसान बनाने और ग्रोथ बढ़ाने पर फोकस है। इस लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए अगले हफ्ते 20,000 करोड़ रुपये का ओपन मार्केट ऑपरेशन यानी OMO करेंगे। बता दें कि ओएमओ के तहत केंद्रीय बैंक सरकारी सिक्योरिटी और ट्रेजरी बिल की खरीद और बिक्री करते हैं, जो काम भारत में आरबीआई करता है। आरबीआई जब अर्थव्यवस्था में पैसे की आपूर्ति बढ़ाना चाहता है तो वह बाजार में सरकारी सिक्योरिटी खरीदता है। जब उसे अर्थव्यवस्था में पैसे की आपूर्ति घटाने की जरूरत महसूस होती है तो वह बाजार में सरकारी सिक्योरिटी बेचता है।

आपको बता दें कि रिजर्व बैंक ने पहले मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की बैठक का दिन 28 सितंबर को तय किया था, लेकिन समिति के सदस्‍यों की नियुक्‍ति की वजह से बैठक को आगे के लिए टाल दिया गया था। जिसके बाद सरकार ने एमपीसी में तीन सदस्यों की नियुक्ति कर दी है, जिनमें तीन जाने माने अर्थशास्त्रियों अशिमा गोयल, जयंत आर वर्मा और शशांक भिडे को एमपीसी का सदस्य नियुक्त किया गया है। आपको बता दें कि इन सदस्यों की नियुक्ति चेतन घाटे, पामी दुआ, रविन्द्र ढोलकिया के स्थान पर की गई है, जिनका कार्यकाल सितंबर में पूरा हो गया था।

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