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बैंक में नोट बदलने पर अब नहीं लगेगा स्याही!


नई दिल्ली: देश भर में नोटबंदी के बाद लोग अपने पुराने नोटों को बदलने के लिए बैंक में जा रहे है, और इस क्रम में बैंक और ATM के बाहर भारी संख्या में भीड़ इक्काठा होता जा रहा है। भीड़ को लेकर सरकरा को आशंका हुई कि कुछ लोग बार-बार पैसे निकाल रहे है, इस कारण भीड़ खत्म नहीं हो रही है।

इस बात को ध्यान में रखते हुए सरकार ने कहा कि अब एक व्यक्ति एक बार ही पैसा निकाल सकता है, इसके लिए सरकार ने चुनाव के दौरान प्रयोग किए जाने वाली अमिट स्याही लगाने का फैसला किया। लेकिन सरकार के इस फैसले की हवा चंद घंटों में ही निकल गई।

जानकारी के अनुसार SBI के अलावा अन्य किसी बैंक के पास अमिट स्याही नहीं होने के कारण बैंकों ने लोगों के उंगलियों पर मारकर के निशान लगाने शुरू कर दिए, लेकिन ऐसे लोग उस निशान को मिटा कर फिर से कतार में खड़े होने शुरू कर दिए। इसके अलाव सरकार के इस फैसले पर चुनाव आयोग ने भी सवाल खड़े कर दिए।

आपको बता दें कि अमिट स्याही की कीमत बेहद ज्यादा होती है, देश की जनता के हिसाब से सरकार के पास इतने स्टॉक भी नहीं है, जोकि सभी बैंकों तक पहुंचाया जा सके। लेकिन सरकार ने अपने फैसले के बाद भारी मात्रा में अमिट स्याही का ऑर्डर दिया है। खबरों के अनुसार सरकार ने करीब 3 लाख अमिट स्याही का ऑर्डर दिया है।

गौर हो कि अमिट स्याही की एक बोतल की कीमत करीब 116 रुपये होती है, ऐसे में इतनी मात्रा में स्याही के लिए सरकर को 3 करोड़ से भी ज्यादा का खर्च करना होगा। इसके अलाव सरकार के इस फैसले पर चुनाव आयोग का कहना है कि सरकार इस फैसले को रोक दे। आयोग के अनुसार सरकार के इस फैसले से आगामी चुनावों में समस्या खड़ी हो सकती है।

आपको बता दें कि चुनाव में लगाए जाए जाने वली स्याही की दाग काफी दिनों तक रहती है, इस बात को ध्यान में रखते हुए आयोग ने कहा कि जिसके उगंलियों पर अभी यह स्याही लगाई जा रही है, हो सकता है कि चुनाव के दौरान उनकी स्याही न मिटे, इससे मतदान प्रक्रिया पर भी असर पड़ सकता है।

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