Breaking News
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मध्य प्रदेश के एक दिवसीय यात्रा पर
  • अमेरिका का दक्षिण कोरिया के साथ संयुक्त सैन्याभ्यास रद्द
  • जम्मू-कश्मीर: सेना ने 22 आतंकियों की हिट लिस्ट तैयार की
  • JK: PDP के साथ गठबंधन टूटने के बाद श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पुण्यतिथि पर BJP की रैली

अटल को देखने के लिए सबसे पहले क्यों पहुंचे राहुल, किया खुलासा

मुंबई: कांग्रेस प्रमुख राहुल गांधी ने बीजेपी पर सिलसिलेवार तरीके से हमले किये हैं। राहुल गाँधी ने आरोप लगाया कि बीजेपी में बुजुर्ग नेताओं की इज्जत नहीं की जाती है। उन्होंने कहा कि सोमवार को पूर्व अटल बिहारी वाजपेयी के एम्स में भर्ती के बाद देर शाम तक उन्हें कोई देखने तक नहीं गया है।

बतादें कि सोमवार को भारतीय राजनीति का वह घटनाक्रम हुआ जिसकी किसी को भी उम्मीद नही थी। जिसको लेकर ही मंगलवार को राहुल गाँधी ने बीजेपी को अपने ही नेताओं का सम्मान न करने वाली पार्टी करार दिया है। पूरा मामला ज्यादा पेचीदा नहीं है और आसानी से समझा जा सकता है कि सोमवार को पूर्व पीएम और बीजेपी को खड़ा करने वाले अटल बिहारी वाजपेयी के स्वास्थ्य गडबड़ी और जांच के लिए उन्हें अचानक दिल्ली स्थित एम्स में भर्ती कराया गया था। पूरा मामला दोपहर का था। जिसके बाद देर शाम तक किसी भी बीजेपी के बड़े नेता ने उनकी फ़िक्र नहीं ली।

मायावती ने कहा 'कानून मंत्रालय' को मत बनाओ पुलिस थाना?

इसी बीच शाम के समय ही कांग्रेस प्रमुख राहुल गांधी अपने कई कार्यक्रमों को छोड़कर एम्स पहुंचे और डॉक्टरों से अटल जी के स्वास्थ्य का हाल जाना, क्योंकि डॉक्टरों ने पहले ही साफ़ कर दिया था कि इलाज के दौरान उनसे किसी की भी मुलाकात संभव नहीं है। हालाँकि राहुल उसके बाद भी एम्स गये और डॉक्टर्स से ही हाल चाल लिया। क्योंकि वह बीजेपी के वरिष्ठ नेता और देश के पूर्व पीएम थे। लेकिन इस दौरान तक बीजेपी का कोई भी नेता अटल की सुध लेने नहीं पहुंचा।

डूबती AIR INDIA ने बढ़ा दिया किराया, देना होगा अलग से 12% जीएसटी!

जिसके बाद जैसे ही राहुल के एम्स आने की खबर मीडिया में फैली वैसे ही बीजेपी के सभी नेताओं को अटल की फ़िक्र सताने लगी। राहुल के बाद पीएम नरेंद्र मोदी, अमित शाह, लाल कृष्ण आडवानी, राजनाथ सिंह समेत दर्जनों मंत्रियों ने एम्स की दौड़ लगाई होगी। ऐसे में राहुल ने इसी को मुद्दा बनाकर बीजेपी पर हमला किया है। वैसे बीजेपी पर यह पुराना आरोप रहा है कि यहाँ वरिष्ठ और पुराने नेताओं को जगह कम ही दी जाती है, लेकिन समय के साथ उन्हें सम्मान भी कम दिया जाना लगा है यह अलग बात है?

यह भी देखें-

loading...