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देश से मोहभंग: साल 2017 में 7000 अरबपतियों ने छोड़ा भारत

नई दिल्ली: भारत सरकार और देश के लिए बुरी खबर आई है। एक प्रकाशित रिपोर्ट में कहा गया है कि साल 2017 में भारत से करीब 7000 अमीरों देश छोड़कर विदेशों की ओर पलायन कर गये हैं। देश से बढ़ता पलायन भारत के लिए बड़े खतरे की घंटी मान जा सकता है।

135 करोड़ की आवादी वाले देश से कुछ हजार लोगों का पलायन करना भले ही छोटी बात हो लेकिन यह घटना पर आँखे मूंदे रहना खतरनाक साबित हो सकता है। न्यू वर्ल्ड वेल्ट की हालिया रिपर्ट में यह बात सामने आई है कि साल 2017 में देश से करीब 7000 अमीरों ने पलायन किया है। इन लोगों ने देश छोड़कर अन्य देशों में शरण ली है। जहाँ भारत की 73 प्रतिशत संपत्ति 1 प्रतिशत लोगों के पास है। वहीँ इनमें से करीब 7,000 लोग 2017 में भारत छोड़ गये हैं। ये आंकड़ा चीन के बाद दुनिया में सबसे ज्यादा है। साल 2016 में यह आकड़ा 6000 था, 2015 में 4,000 वहीँ साल दर साल यह आकड़ा बढ़ता ही जा रहा है।

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अभी चीन इस में सबसे आगे है। भारत में मोहभंग कर छोड़ रहे अमीरों की गिनती लगातार बढती जा रही है। यह गितनी हैरान करने वाली भी है। साथ ही अगर इस पर विचार न किया गया तो आगे हालात और भी खराब हो जाएंगे। देश छोड़ने वाले ज्यादातर अमीर भारत में मौजूदा सिस्टम से त्रस्त थे। ऐसे में सरकार को इस पर विचार करना होगा नहीं तो सिस्टम की मार सहता हर व्यक्ति पलायन करने पर विचार करने लगेगा। वहीं पलायन करने वाले अमीरों को कई देश दिल खोलकर स्वागत कर रहे हैं।

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जिसमें ऑस्ट्रेलिया सबसे आगे है। इसी के कारण पिछले 10 सालों में ऑस्ट्रेलिया की सम्पत्ति में चौंकाने वाली वृद्धि हुई है। ऑस्ट्रेलिया की संपत्ति में 83 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी है। साथ ही ऑस्ट्रेलियाई नागरिक अब दुनिया में सबसे ज्यादा अमीर माने जाते हैं। तमाम अमीर लोगों के लिए ऑस्ट्रेलिया जगहां पहली पसंद बन रहा है। भारत से बढ़ता पलायन जहां देश को नुकसान पहुंचाने वाला है वहीँ देश पर अतिरिक्त भार भी बढ़ा रहा है। अब देखना यह होगा जुमलों में उलझी रहने वाली भारत की सरकारें इस ओर कब ध्यान देती हैं?

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