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सरकारी हो या प्राइवेट, नैकरी करने वालों के लिए बड़ी खुशबरी!

नई दिल्ली: नौकरी करने वाले उन कर्मचारियों के लिए एक अच्छी खबर है जिनका संस्थान पीएफ की सुविधा देता है। दरअसल, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी ईपीएफओ के उस फैसले पर वित्त मंत्रालय ने भी मुहर लगा दी है जिसमें वित्त वर्ष 2018-19 के लिए पीएफ पर ब्याज दर बढ़ाने का फैसला किया गया था।

मंत्रालय से मंजूरी मिलने के बाद अब आयकर विभाग और श्रम मंत्रालय की ओर से इस बावत नोटिफिकेशन जारी किया जाएगा। जिसके बाद ईपीएफओ अपने 120 से अधिक क्षेत्रीय अधिकारियों को संशोधित ब्याज दर के आधार पर ईपीएफ खाताधारकों के खाते में 2018-19 के लिये ब्याज की राशि जोड़ने का निर्देश जारी करेगी।

इस फैसले को अगर आसान शब्दों में समजा जाए तो आपके पीएफ के पैसे पर अब पहले के मुकाबले अधिक ब्याज मिलेगा। इस फैसले से संगठित क्षेत्र से जुड़े करीब 6 करोड़ से भी अधिक लोगों को उनके भविष्य निधि कोष पर अधिक लाभ मिलेगा।  ईपीएफओ की ओर से ब्‍याज दर में 0.10 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है, जिसके बाद अब नई ब्‍याज दर 8.65 फीसदी है।

जबकि इससे पहले वित्त वर्ष 2017- 18 में ईपीएफओ ने अपने अंशधारकों को 8.55 फीसदी था। इससे पहले साल 2015-16 के बीच ईपीएफओ ब्याज दर 8.80 फीसदी था, जिसे 2016-17 मं घटाकर 8.65 फीसदी कर कर दिया गया था। इसके बाद साल 2017-18 में ईपीएफ पर ब्याज दर की ऱाशि 8.55 फीसदी कर दी गई। जो पांच सालों में सबसे कम थी।

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