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पानी रोकने पर पाकिस्तान ने भारत को दी चेतावनी, अगर ऐसा हुआ तो...

नई दिल्ली: भारत-पाकिस्तान के बीच पिछले काफी समय से जारी विवाद पुलवामा आतंकी हमले के बाद नये स्तर पर पहुंच चुका है। पाकिस्तानी आतंकी संगठन द्वारा पुलवामा में भारतीय सुरक्षाबलों पर किए घए भीषण हमले के बाद एक ओर भारत सरकार ने पाकिस्तान से मोस्ट फेवर्ड नेशन का दर्ज छीन लिया है।

वहीं केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने यह भी कहा था कि, भारत ने अपने हिस्से के पानी को पाकिस्तान में जाने से रोकने का फैसला किया है। जिसके जवाब में पाकिस्तान की ओर से कहा गया था, अगर भारत अपने हिस्से का पानी रोकता है तो उसे कोई फर्क नहीं पड़ता।

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आपको बता दें कि भारत-पाकिस्तान के बीच पानी का मसला पिछले काफी दिनों से मीडिया में आता-जाता रहा है। इस बीच पाकिस्तानी न्यूज चैनल ने सिंधु जल से जुड़े पाकिस्तान के पर्मानेंट कमिशन के एक वरिष्ठ अधिकारी के हवाले से बताया है कि 'भारत लगातार पानी को लेकर आक्रामक रूख दिखाता' रहा है। 

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जिसके बाद अब पाकिस्तान ने भारत को चेतवनी भरे लहजे में कहा कि, भारत सिंधु नदी समझौते के तहत उसकी तरफ बहने वाले पानी को नहीं रोक सकता है। पाकिस्तान के अनुसार अगर ऐसा होता है तो हम इंटरनैशनल कोर्ट फॉर आर्बिट्रेशन जाएंगे। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, जल और ऊर्जा मंत्रालय पाकिस्तान को पानी रोकने संबंधी भारत के कदम की समीक्षा कर रहा है।

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आपको बता दें कि भारत-पाकिस्तान के बीच बटवारे के करीब 13 साल बाद 1960 में भारत-पाकिस्तान के बीच हुए सिंधु जल समझौते के तहत पश्चिमी नदियों (सिंधु, झेलम और चिनाब) का पानी पाकिस्तान के हिस्से में है और पूर्वी नदियों (रावी, ब्यास और सतलज) का पानी भारत के हिस्से में है।

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