Breaking News
  • एशियाई खेलः बजरंग पुनिया जीता पहला गोल्ड मेडल, किया दिवंगत अजट जी को समर्पित
  • एशियाई खेलः 10 मी. एयर राइफल में दीपक कुमार ने जीता रजत पदक
  • कर्नाटक के कई तटीय जिले बाढ़ की चपेट में, बचाव एवं राहत अभियान जारी

जाने कौन हैं ओल्गा टोकरकज़ुक, जिन्हें मिला 2018 के लिए मैन बुकर पुरस्कार

नई दिल्ली: पोलैंड की लेखिका ओल्गा टोकरकज़ुक की चर्चा आज पूरी दुनिया में हो रही है। पोलिश उपन्यासकार ओल्गा की यह चर्चा साल 2018 के लिए मैन बुकर पुरस्कार से सम्मानित किए जाने को लेकर हो रही है। टोकारजुक को उनके उपन्यास ‘फ्लाइट्‌स’के लिए इस सम्मान से सम्मानित किया गया है।

ओल्गा की उपन्यास का अंग्रेजी अनुवाद जैनिफर क्रॉफ्ट ने किया है, जिसमें मुख्य तौर पर समय, अंतरिक्ष और मानव शरीर रचना पर जोर दिया गया है। इस प्राइज की रेस में लेखक अहमद सादावी की रचना ‘फ्रेंकइस्टिन इन बगदाद’ और दक्षिण कोरिया के लेखक हैन कैंग्स की किताब ‘द व्हाइट बुक’ से कड़ी टक्कर मिली।

पूरे देश में 25 रुपये तक कम हो सकती है पेट्रोल की कीमत

पोलिश उपन्यासकार के साथ इस रेस में पांच अन्य लेखक की रचनएं भी थी, जिन सभी को पीछे छोड़ते हुए ओल्गा टोकरकज़ुक को इस खास सम्मान से सम्मानित किया गया। पोलैंड की प्रसिद्ध रचनाकारों में सुमार ओल्गा टोकरकज़ुक की रचना ‘फ्लाइट्‌स’ में 17वीं शताब्दी की रचनात्मक कहानी को आधुनिक यात्रा की कहानियों के साथ जोड़ा गया है।

PAK ने ले ली 18 इंडियन की जान, जिंदगी के लिए तड़प रहे हैं 40,000 लोग!

ओल्गा टोकरकज़ुक के इस उपन्यास को लेकर जज का माना था कि यह  एक मजेदार और रोचक उपन्यास है जिसमें मृत्यु की निश्चितता पर गहन बात की गयी है। बता दें कि ओल्गा टोकरकज़ुक को उनकी रचना को लेकर हत्या करने की धमकी भी मिलती रही है, लेकिन इसके बाद उन्होंने अपने कलम को कभी रूकने नहीं दिया।

गौर हो कि बुकर पुरस्कार के तहत लेखक को 50,000 पौंड की राशि दी जाती है, जो लेखक ओल्गा टोकरकज़ुक और इसके अंग्रेजी अनुवादक जैनिफर क्रॉफ्ट के बीच बांटी जायेगी।

जीत के बाद नशे में झूमता दिखा CSK का ऑलराउंडर, वायर हुए दो वीडियो!

loading...