Breaking News
  • दिल्ली : बीते 24 घंटे में रिकॉर्ड 1106 कोरोना केस आए सामने, 13 की हुई मौत
  • यूपी : लॉकडाउन के बाद से लौट चुके हैं 27 लाख प्रवासी मजदूर
  • देश में कोरोना मरीजों की संख्या हुई 1 लाख 65 हजार 799, अब तक 4706 मौतें, 71105 ठीक
  • LNJP मोर्चरी में शवों की दुर्दशा पर हाईकोर्ट सख्त, MCD और दिल्ली सरकार को भेजा नोटिस
  • बढ़ते कोरोना केस को देखते हुए हरियाणा सरकार ने दिल्ली से सटी सभी सीमा को किया सील

अब पुरूष नहीं हो सकेंगे पीएम आवास योजना के मालिक, हो गया यह अहम बदलाव

नोएडा : मध्य प्रदेश की वर्तमान सरकार ने इस साल लगभग साढ़े पांच लाख प्रधानमंत्री आवास बनाकर प्रमाण-पत्र वितरित करने का लक्ष्य रखा है, जो कि पिछले साल से ढ़ाई लाख अधिक है। सत्ता बदलाव के साथ ही नई सरकार ने आवास के प्रमाण-पत्र और रजिस्ट्री के मामले में बड़ा बदलाव किया है। एक इंटरव्यू के दौरान राज्य के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री कमलेश्वर पटेल ने कहा कि, "राज्य सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए प्रयासरत है, इसी क्रम में अब प्रधानमंत्री आवास के प्रमाण-पत्र और रजिस्ट्री परिवार के पुरुष की बजाय आवदेन करने वाले परिवार की महिलाओं के नाम पर जारी किए जाएंगे।"

उन्होंने कहा, "महिलाएं परिवार को चलाने में ज्यादा अहम भूमिका निभाती है और किसी भी चीज को सहेज कर रखने में महारत हासिल की होती है, लिहाजा अब सरकार ने प्रधानमंत्री आवास महिलाओं के नाम ही करने का निर्णय लिया है, इस संदर्भ में अधिकारियों को निर्देश भी दिए गए है।"

सूत्रों के मुताबिक, ‘केंद्र सरकार द्वारा तय किए गए दिशा निर्देशों के अनुसार, आवास के प्रमाण-पत्र और पंजीकरण महिलाओं के नाम किए जाने का प्रावधान है, मगर पूर्ववर्ती शिवराज सिंह चौहान की सरकार ने इस पर अमल नहीं किया। अब कांग्रेस की सरकार इस पर अमल करने जा रही है। जिसके बाद पटेल ने कहा कि ऐसा कोई नियम केंद्र का नहीं है, बाध्यता नहीं है, मगर राज्य की सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए काम कर रही है, इसलिए यह पहल की जा रही है।

इसके साथ कमलनाथ सरकार ने पीएम आवास योजना के मकानों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री की तस्वीरों वाले टाइल्स लागने वाले फैसले को भी बदल दिया है। वर्तमान सरकार के अनुसार, ‘अब किसी भी आवास में तस्वीरों वाले टाइल्स नहीं लगाए जाएंगे।‘

loading...