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बड़ी खबर: नीतीश और लालू की बातचीत के बाद तेजस्वी यादव ने दिया बड़ा बयान

पटना: साल 2019 के लोकसभा चुनाव के पहले बिहार से आय दिन चौंकावने वाली खबरे आ रही है। अभी पिछले दिनों खबर आई कि बिहार में लोकसभा चुनाव से पहले NDA खेमे में सीट बंटवारे को लेकर खटपट चल रही है। वहीं अब बिहार के मुख्यमंत्री JDU अध्यक्ष नीतिश कुमार ने दुश्मन से दोस्त और फिर दुश्मन बने लालू यादव से बात कर कई तरह के सवाल खड़े कर दिए हैं।

आपको बता दें कि चारा घोटाला में जेल की सजा काट रहे लालू यादव फिलहाल जमानत पर जेल से बाहर रहते हुए अपना इलाजा करा रहे हैं। लालू यादव को कोर्ट ने 11 मई को छह हफ्ते की जमानत दी थी, जोकि 27 जून को ही खत्म हो रहा है। लेकिन इससे पहले नीतीश कुमार ने लालू यादव से फोन पर बातचीत की है। हालांकि इस दौरान लालू और नीतीश के बीच क्या-क्या बात हुए ये तो स्पष्ट तौर पर लालू या नीतीश ही बता सकते हैं।

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लेकिन मीडिया में लालू-नीतीश की बातचीत को लेकर खबर है कि नीतीश कुमार में बीमार लालू यादव का हालचाल लेने के लिए फोन किया। बता दें कि झारखंड हाई कोर्ट से जमानत मंजूर होने के बाद लालू यादव मुंबई के अस्पातल में भर्ती हैं। वहीं लालू-नीतीश के बीच हुई बातचीत को लेकर लालू के बेटे तेजस्वी यादव ने कहा कि, यह हैरानी की बात है को नीतीश जी को चार महीने के बाद लालू यादव के बीमार होने की खबर मिली।

यहां बड़ी खबर है कि एक ओर लालू-नीतीश की बातचीत के बाद ऐसी खबरे भी आर रही है नीतीश कुमार फिर से महागठबंधन में शामिल हो सकते हैं कि लेकिर तेजस्वी यादव ने इस रास्ते को भी बंद कर दिया है। तेजस्वी यादव ने दो टूक कहा कि नीतीश कुमार के लिए महागठबंधन के दरवाजे हमेशा के लिए बंद हो गए हैं।

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तेजस्वी यादव ने कहा कि उन्होंने जनादेश का अपमान किया है और जनता नीतीश को कभी माफ नहीं करेगी। वहीं तेजस्वी ने कहा कि नीतीश को महागठबंधन में शामिल करने के मसले पर आरजेडी महागठबंधन के किसी दूसरे दलों के दबाव में भी नहीं आएगा। यानी कुल मिलाकर यह साफ हो गया है कि नीतीश अब महागठबंधन में जाना चाहें तो भी नहीं जा सकते हैं। हालांकि राजनीति में कब किसका मिजाज बदल जाए इस पूरी तरह समझ पाना भी एक बड़ी बेवकूफी से कम नहीं है!

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